Friday, July 24, 2026

Creating liberating content

Heart Saver Campaign: मायरा...

Heart Saver Campaign: मायरा भंडारी ने गुरुग्राम में शुरू किया 'हृदय रक्षक अभियान',...

माँ बगलामुखी शक्तिपीठ, जौंती...

माँ बगलामुखी शक्तिपीठ, जौंती में देवसर माता धाम का भव्य भूमि पूजन संपन्न,...

Delhi SIR: रोहताश नगर...

Delhi SIR: रोहताश नगर विधानसभा में दो दिवसीय SIR सहायता शिविर, लोगों की...

Maa Baglamukhi Shaktipeeth Jaunti:...

  जौंती (दिल्ली), 15 जुलाई। ( Maa Baglamukhi Shaktipeeth Jaunti ) माँ बगलामुखी शक्तिपीठ,...
HomeStateDelhi NCRDelhi: एनडीएमसी उपाध्यक्ष...

Delhi: एनडीएमसी उपाध्यक्ष कुलजीत सिंह चहल ने पुराना किला रोड पर 5 लाख लीटर क्षमता वाले समपिट का किया शिलान्यास, जलभराव से निपटने की तैयारी तेज

Delhi: एनडीएमसी उपाध्यक्ष कुलजीत सिंह चहल ने पुराना किला रोड पर 5 लाख लीटर क्षमता वाले समपिट का किया शिलान्यास, जलभराव से निपटने की तैयारी तेज

रिपोर्ट: हेमंत कुमार

 

नई दिल्ली: विक्सित भारत @2047 और माननीय प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के टिकाऊ, सुदृढ़ और भविष्य उन्मुख शहरी ढांचे के संकल्प को साकार करने की दिशा में नई दिल्ली नगरपालिका परिषद (एनडीएमसी) ने एक और महत्वपूर्ण कदम उठाया है। शनिवार को एनडीएमसी के उपाध्यक्ष श्री कुलजीत सिंह चहल ने पालिका केन्द्र, नई दिल्ली में परिषद के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ एक उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक की, जिसका उद्देश्य आगामी मॉनसून सीजन में जलभराव की समस्या से निपटने के लिए की गई तैयारियों का मूल्यांकन करना था।

समीक्षा बैठक में एनडीएमसी के सचिव श्री तारिक थॉमस और सिविल इंजीनियरिंग विभाग के अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे। बैठक के बाद श्री चहल ने खुद जलभराव की दृष्टि से संवेदनशील स्थलों जैसे पुराना किला रोड, दयाल सिंह कॉलेज और भारती नगर का स्थलीय निरीक्षण किया। इसी क्रम में उन्होंने न्यायाधीश बंगलो के पीछे, पुराना किला रोड क्षेत्र में 5 लाख लीटर क्षमता वाले एक बड़े समपिट (Sump Pit) के निर्माण कार्य का विधिवत शिलान्यास किया।

इस अवसर पर श्री चहल ने बताया कि यह समपिट एनडीएमसी की समग्र मॉनसून तैयारियों और शहरी जल प्रबंधन रणनीति का अहम हिस्सा है। इसका उद्देश्य भारी वर्षा के दौरान एकत्र होने वाले जल को समपिट के जरिये संग्रहित कर उसे नियंत्रित तरीके से ड्रेनों में प्रवाहित करना है, ताकि सड़कों पर जलभराव की स्थिति से बचा जा सके। उन्होंने कहा कि परिषद अन्य जलभराव संभावित स्थलों पर भी छोटे-छोटे समपिट्स का निर्माण कर रही है, जिससे व्यापक स्तर पर जल निकासी व्यवस्था को सशक्त बनाया जा सके।

श्री चहल ने समपिट निर्माण की महत्ता पर प्रकाश डालते हुए कहा कि जलभराव प्रबंधन में समपिट एक अत्यंत महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। वे भारी बारिश के दौरान त्वरित जल निकासी की सुविधा प्रदान करते हैं और शहरी क्षेत्रों में जलभराव, बाढ़ और इससे जुड़े बुनियादी ढांचे के नुकसान को रोकने में मदद करते हैं। यह पहल माननीय प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के आपदा-रोधी और जलवायु सक्षम भारत के दृष्टिकोण के अनुरूप है।

एनडीएमसी द्वारा तैयार ड्रेनेज नेटवर्क को चार प्रमुख जोनों में विभाजित किया गया है — डॉ. सेन नर्सिंग होम ड्रेन जोन (पचकुइयां रोड, नेहरू नगर का भाग, आरके आश्रम मार्ग और कनॉट प्लेस क्षेत्र), ड्रेन नंबर 14 जोन (जज बंगलो, तिलक मार्ग, पुराना किला रोड, सुप्रीम कोर्ट और इंडिया गेट क्षेत्र), कुशक ड्रेन जोन (चाणक्यपुरी और आसपास का क्षेत्र) और बरापुला ड्रेन जोन, जो एनडीएमसी क्षेत्र का लगभग 60 प्रतिशत (लगभग 1918 हेक्टेयर) कवर करता है और सुनहरी पुल पर बरापुला ड्रेन से मिलता है।

श्री चहल ने बताया कि पुराना किला रोड क्षेत्र में 5 लाख लीटर क्षमता वाला प्रस्तावित समपिट एक स्थायी समाधान प्रदान करेगा। पहले जहां भारी बारिश के दौरान बड़ी संख्या में पंप लगाकर जल निकासी की जाती थी, अब इस समपिट के माध्यम से जल को त्वरित और स्थायी तरीके से नियंत्रित किया जाएगा, जो दीर्घकालिक दृष्टिकोण से अधिक टिकाऊ और व्यावहारिक समाधान है।

श्री चहल ने यह भी कहा कि एनडीएमसी जलभराव की समस्या से निपटने के लिए नवीनतम तकनीकों और जलवायु अनुकूल उपायों को तेजी से अपना रहा है। परिषद वर्षा जल संचयन प्रणालियों के पुनर्सक्रियकरण, मौजूदा वर्षा जल नालों का तकनीकी मूल्यांकन, सिल्ट सफाई और संरचनात्मक मरम्मत, जलभराव स्थलों पर पंपिंग क्षमता बढ़ाने, और नए वर्षा जल हार्वेस्टिंग पिट्स के निर्माण जैसे तात्कालिक एवं मध्यम अवधि के उपायों पर तेजी से काम कर रही है।

दीर्घकालिक दृष्टिकोण के तहत एनडीएमसी पुराने ईंट से बने नालों का ट्रेंचलेस तकनीक से नवीनीकरण करने और पार्कों तथा रिज क्षेत्रों में कृत्रिम जलाशय बनाने के व्यवहार्यता अध्ययन पर भी कार्य कर रही है, जिससे मॉनसून के दौरान सड़कों व सार्वजनिक स्थलों से बहने वाले जल को रोका जा सके और भूजल पुनर्भरण को बढ़ावा दिया जा सके।

श्री चहल ने यह भी जानकारी दी कि हाल ही में उन्होंने एनडीएमसी के विभागाध्यक्षों के साथ गुजरात के सूरत शहर का दौरा किया था। इस दौरे का उद्देश्य वर्षा जल संचयन, बाढ़ प्रबंधन और जल संरक्षण से जुड़ी नवीनतम पहलों का प्रत्यक्ष अध्ययन करना था। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी और केंद्रीय जल शक्ति मंत्री श्री सी.आर. पाटिल के दूरदर्शी नेतृत्व और मार्गदर्शन में देशभर में जल संरक्षण एवं बाढ़ प्रबंधन की दिशा में प्रभावी कदम उठाए जा रहे हैं।

अंत में श्री चहल ने कहा कि एनडीएमसी, प्रधानमंत्री श्री मोदी के विकसित भारत 2047 के विजन के अनुरूप, सक्रिय योजना, टिकाऊ इंजीनियरिंग समाधान और जनसहभागिता के जरिए एक अधिक सशक्त, सक्षम और भविष्य के लिए तैयार नई दिल्ली के निर्माण हेतु पूरी तरह प्रतिबद्ध है।

Get notified whenever we post something new!

Continue reading

माँ बगलामुखी शक्तिपीठ, जौंती में देवसर माता धाम का भव्य भूमि पूजन संपन्न, हजारों श्रद्धालुओं की उपस्थिति में रचा गया इतिहास

माँ बगलामुखी शक्तिपीठ, जौंती में देवसर माता धाम का भव्य भूमि पूजन संपन्न, हजारों श्रद्धालुओं की उपस्थिति में रचा गया इतिहास जौंती (दिल्ली), 19 जुलाई 2026 माँ बगलामुखी शक्तिपीठ, जौंती (दिल्ली) में देवसर माता धाम के भव्य भूमि पूजन समारोह का...

Delhi SIR: रोहताश नगर विधानसभा में दो दिवसीय SIR सहायता शिविर, लोगों की समस्याओं का मौके पर किया गया समाधान

Delhi SIR: रोहताश नगर विधानसभा में दो दिवसीय SIR सहायता शिविर, लोगों की समस्याओं का मौके पर किया गया समाधान रिपोर्ट: आशीष कुमार दिल्ली की रोहताश नगर विधानसभा में मतदाताओं की सुविधा को ध्यान में रखते हुए दो दिवसीय स्पेशल इंटेंसिव...

Maa Baglamukhi Shaktipeeth Jaunti: दिल्ली के जौंती में गूंजा ‘जय श्रीराम’, 1000 कलशों के साथ निकली भव्य शोभायात्रा

  जौंती (दिल्ली), 15 जुलाई। ( Maa Baglamukhi Shaktipeeth Jaunti ) माँ बगलामुखी शक्तिपीठ, जौंती में बुधवार से नौ दिवसीय श्रीराम कथा महायज्ञ का शुभारंभ श्रद्धा, भक्ति और उत्साह के साथ हुआ। कार्यक्रम की शुरुआत प्रातः 9 बजे शिव मंदिर,...

Enjoy exclusive access to all of our content

Get an online subscription and you can unlock any article you come across.