MCD Property Tax: दिल्ली में MCD की ‘संपत्ति कर निपटान योजना 2025-26’ लागू, पिछला ब्याज और जुर्माना पूरी तरह माफ, सिर्फ चालू और पिछले 5 साल का टैक्स भरें
रिपोर्ट: हेमंत कुमार
दिल्ली नगर निगम (MCD) ने राजधानी के लाखों संपत्ति धारकों के लिए एक बड़ी राहत योजना की घोषणा की है। इस योजना का नाम है ‘संपत्ति कर निपटान योजना 2025-26’, जिसे लोकप्रिय रूप से ‘एक प्लस पाँच योजना’ कहा जा रहा है। यह योजना 1 जून 2025 से प्रभावी हो चुकी है और 30 सितंबर 2025 तक वैध रहेगी।
इस योजना की विशेष बात यह है कि जिन लोगों ने अपनी संपत्ति पर 2020-21 से लेकर अब तक का टैक्स नहीं भरा है या बीच में टैक्स भरने में चूक हो गई है, उन्हें केवल वर्तमान वर्ष 2025-26 और पिछले पाँच वर्ष (2020-21 से 2024-25 तक) का टैक्स एक साथ जमा करना होगा। ऐसा करने पर उनके ऊपर बकाया ब्याज और जुर्माना पूरी तरह से माफ कर दिया जाएगा।
शाहदरा ज़ोन के जॉइंट असिस्टेंट कलेक्टर गौरीशंकर शर्मा ने जानकारी देते हुए बताया कि यह योजना दिल्ली के उन संपत्ति धारकों के लिए एक सुनहरा अवसर है जो किसी कारणवश समय पर टैक्स नहीं भर पाए थे। इस योजना के माध्यम से वे अपनी संपत्ति को विवादों से मुक्त करा सकते हैं और भविष्य में किसी प्रकार की कानूनी कार्यवाही से बच सकते हैं।
एक अन्य महत्वपूर्ण पहलू यह भी है कि जो संपत्तियां कोर्ट में लंबित हैं, जिन पर सीलिंग, अटैचमेंट, या अन्य कानूनी विवाद चल रहे हैं — वे भी इस योजना के दायरे में आती हैं। यदि संपत्ति धारक इस योजना के तहत अपना कर जमा कर देता है और एक एफिडेविट के माध्यम से कोर्ट में चल रहे मुकदमे को वापस लेने की जानकारी देता है, तो उसकी संपत्ति से जुड़े पुराने सभी विवाद स्वतः समाप्त माने जाएंगे।
इसके अलावा यह भी स्पष्ट किया गया है कि यदि किसी करदाता ने गलती से या अज्ञानतावश 2020-21 से 2025-26 तक का टैक्स पहले ही भर दिया है लेकिन उसका पीटीआर या संपत्ति विवरण गलत है, तो वह अपने पीटीआर में संशोधन (revision) करवा सकता है और सही टैक्स जमा करके इस योजना का लाभ उठा सकता है।
पुराने मैनुअल सिस्टम में कई बार टैक्स रसीदें गुम हो जाती थीं या सिस्टम में अपडेट नहीं होती थीं, जिसके चलते करदाताओं को दोबारा टैक्स भरना पड़ता था। इस बार MCD ने घोषणा की है कि 2020-21 से पहले की सभी टैक्स देनदारियां इस योजना के तहत स्वतः माफ मानी जाएंगी, चाहे रसीदें उपलब्ध हों या नहीं।
इस योजना का लाभ लेने के लिए करदाता निम्न विकल्प अपना सकते हैं:
1. दिल्ली MCD की वेबसाइट पर जाकर ऑनलाइन टैक्स भुगतान।
2. MCD ज़ोनल ऑफिस में जाकर हेल्पडेस्क से संपर्क कर टैक्स जमा करना।
3. उनके स्थानीय RWA या पार्षदों के माध्यम से चलाए जा रहे विशेष टैक्स कैम्पों में जाकर भुगतान करना।
गौरीशंकर शर्मा ने बताया कि अभी तक 98 कैम्प आयोजित किए जा चुके हैं, जिनमें 3,224 से अधिक करदाताओं ने टैक्स भरकर इस योजना का लाभ लिया है। इन कैम्पों के माध्यम से MCD को करीब 2 करोड़ 41 लाख रुपये का राजस्व प्राप्त हुआ है।
सरकारी आंकड़ों के अनुसार, इस योजना के तहत जमा होने वाला टैक्स दिल्ली के स्थानीय विकास कार्यों में लगाया जाएगा — जिससे सड़कों की मरम्मत, स्ट्रीट लाइट, सफाई व्यवस्था और अन्य नागरिक सुविधाएं बेहतर की जा सकेंगी।
यदि किसी को योजना से जुड़ी कोई शंका हो, तो वे सीधे MCD हेल्पडेस्क नंबर 71414753 पर कॉल कर सकते हैं या ज़ोनल ऑफिस में संपर्क कर व्यक्तिगत सहायता प्राप्त कर सकते हैं।
अंत में, गौरीशंकर शर्मा ने दिल्लीवासियों से अपील की कि वे इस सुनहरे अवसर का लाभ उठाएं और न केवल अपना बकाया टैक्स निपटाएं, बल्कि भविष्य के लिए संपत्ति को कानूनी रूप से साफ-सुथरा बनाएं।