International Yoga Day 2025: अंतरराष्ट्रीय योग दिवस 2025: एनडीएमसी 21 जून को दिल्ली के 8 स्थलों पर करेगी भव्य आयोजन – कुलजीत सिंह चहल
रिपोर्ट, हेमंत कुमार।
नई दिल्ली: प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के “योग को वैश्विक स्वास्थ्य आंदोलन” के विज़न को मूर्त रूप देने के लिए नई दिल्ली नगरपालिका परिषद (NDMC) अंतरराष्ट्रीय योग दिवस 2025 को एक भव्य आयोजन के रूप में मनाएगी। एनडीएमसी के उपाध्यक्ष श्री कुलजीत सिंह चहल ने बुधवार को जानकारी दी कि इस वर्ष 21 जून को दिल्ली के आठ प्रमुख स्थलों पर योग कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे, जिनमें हजारों नागरिकों, रेजिडेंट्स, मार्केट एसोसिएशनों और योग संस्थानों की भागीदारी रहेगी।
श्री चहल ने बताया कि यह आयोजन ‘विकसित भारत @2047’ के दृष्टिकोण को ध्यान में रखते हुए ‘स्वास्थ्य पहले’ की थीम को केंद्र में रखकर किया जा रहा है। उन्होंने कहा, “एनडीएमसी न केवल राजधानी के सौंदर्य और प्रबंधन की जिम्मेदारी निभा रही है, बल्कि नागरिकों को एक स्वस्थ जीवनशैली की दिशा में प्रेरित करने का कार्य भी कर रही है। योग, भारत की सांस्कृतिक धरोहर का एक शक्तिशाली अंग है और यह शरीर, मन और आत्मा को संतुलित करता है।”
योग दिवस के मुख्य कार्यक्रम इन स्थलों पर होंगे:
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कर्तव्य पथ
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लोधी गार्डन
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टॉलकटोरा गार्डन
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शांति पथ लॉन
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सेंट्रल पार्क (कनॉट प्लेस)
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पंडारा पार्क
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न्यू मोती बाग (IAS रेजिडेंस)
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संजय झील (लक्ष्मीबाई नगर)
इन स्थलों पर 300 से लेकर 2000 तक प्रतिभागियों की भागीदारी की संभावना है। कार्यक्रम में भाग लेने वाले नागरिकों को योग मैट और विशेष योग टी-शर्ट प्रदान की जाएगी। इसके अलावा, प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी का संदेश सभी स्थानों पर लाइव स्ट्रीम किया जाएगा, ताकि प्रतिभागी देशभर की भावनात्मक एकता में खुद को भी जोड़ सकें।
18 से 20 जून तक विशेष योग अभ्यास शिविर भी होंगे आयोजित
मुख्य आयोजन से पहले 18 से 20 जून के बीच लोधी गार्डन और तालकटोरा गार्डन में विशेष योग शिविर लगाए जाएंगे, जिनमें पतंजलि योग समिति और गायत्री परिवार के प्रशिक्षित योगाचार्य नागरिकों को योग की विभिन्न क्रियाओं और उनके लाभों से अवगत कराएंगे। ये सत्र जनजागरूकता को बढ़ावा देने और योग के प्रति लोगों की भागीदारी सुनिश्चित करने के उद्देश्य से आयोजित किए जा रहे हैं।
प्रतिष्ठित योग संस्थानों का सहयोग
श्री चहल ने जानकारी दी कि योग दिवस के आयोजनों में मोरारजी देसाई नेशनल इंस्टिट्यूट ऑफ योगा, आर्ट ऑफ लिविंग, पतंजलि योग समिति और गायत्री परिवार जैसे प्रतिष्ठित संस्थानों की भागीदारी रहेगी। इन संगठनों के अनुभवी प्रशिक्षक नागरिकों को वैज्ञानिक पद्धति से योग सिखाएंगे।
सभी जरूरी प्रबंध होंगे सुनिश्चित
एनडीएमसी ने यह भी सुनिश्चित किया है कि सभी स्थलों पर पर्याप्त जलापूर्ति, शौचालय, छाया, प्राथमिक चिकित्सा और भीड़ नियंत्रण की व्यवस्था की जाए। योग प्रशिक्षकों की नियुक्ति और तकनीकी सहायता आयुष मंत्रालय के सहयोग से की जा रही है। डिजिटल माध्यम से जागरूकता फैलाने के लिए प्रचार सामग्री, सोशल मीडिया पोस्ट और शॉर्ट वीडियो तैयार किए जाएंगे।
श्री चहल ने कहा, “स्वस्थ समाज ही किसी विकसित राष्ट्र की असली ताकत है। योग, न केवल शारीरिक व्यायाम है, बल्कि यह मानसिक संतुलन और आत्मिक शांति का भी माध्यम है। मैं सभी नागरिकों से आह्वान करता हूं कि वे इस अवसर पर योग को अपने जीवन का हिस्सा बनाएं और ‘विकसित भारत @2047’ के लक्ष्य में योगदान दें।”



