Women Reservation: महिला आरक्षण पर दक्षिण दिल्ली सांसद रामवीर सिंह बिधूड़ी का विपक्ष पर तीखा हमला
रिपोर्ट हेमंत कुमार।
दक्षिण दिल्ली के सांसद रामवीर सिंह बिधूड़ी ने महिला आरक्षण बिल को लेकर विपक्ष पर बड़ा हमला बोला है। साकेत फार्म, सैनिक फार्म में आयोजित प्रेस वार्ता के दौरान उन्होंने कहा कि लोकसभा और विधानसभा में महिलाओं को 33 प्रतिशत आरक्षण देने के लिए मोदी सरकार द्वारा संसद में विधेयक लाया गया था, लेकिन विपक्ष के समर्थन नहीं देने के कारण यह बिल पारित नहीं हो सका और गिर गया। उन्होंने इसे महिलाओं के अधिकारों से जुड़ा एक महत्वपूर्ण मुद्दा बताते हुए कहा कि विपक्ष ने देश की आधी आबादी के हक के साथ अन्याय किया है।
रामवीर सिंह बिधूड़ी ने कहा कि जब भी देश हित या महिला सशक्तिकरण से जुड़ा कोई बड़ा फैसला लाया जाता है, तो कांग्रेस और विपक्षी दल उसका विरोध करते हैं, जो दुर्भाग्यपूर्ण है। उन्होंने कहा कि इसका खामियाजा विपक्ष को आने वाले विधानसभा चुनावों में भुगतना पड़ेगा क्योंकि महिलाएं इस फैसले को लेकर बेहद जागरूक हैं और वे इसका जवाब वोट के माध्यम से देंगी। उन्होंने दावा किया कि महिला आरक्षण जैसे ऐतिहासिक बिल का विरोध करने वालों को जनता माफ नहीं करेगी और चुनाव में इसका सीधा असर देखने को मिलेगा।
प्रेस वार्ता के दौरान उन्होंने यह भी कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की सरकार लगातार महिला सशक्तिकरण के लिए काम कर रही है और यह बिल उसी दिशा में एक बड़ा कदम था, जिसे रोकना विपक्ष की नीयत पर सवाल खड़ा करता है। उन्होंने कहा कि भाजपा का लक्ष्य महिलाओं को राजनीति और नीति निर्माण में बराबरी का अधिकार दिलाना है, जबकि विपक्ष केवल राजनीतिक लाभ के लिए ऐसे मुद्दों को रोकने का काम कर रहा है।
इस मौके पर जिला अध्यक्ष माया बिष्ट ने भी विपक्ष पर निशाना साधते हुए कहा कि महिला आरक्षण बिल का विरोध करना महिलाओं के अधिकारों के खिलाफ है और इसका जवाब जनता चुनाव में जरूर देगी। वहीं प्रदेश महिला मोर्चा की महामंत्री बी एल बासठ ने कहा कि महिला सशक्तिकरण के मुद्दे पर भाजपा पूरी तरह गंभीर है और विपक्ष का रवैया महिलाओं के सम्मान के खिलाफ है।
रामवीर सिंह बिधूड़ी ने दोहराया कि आने वाले समय में यह मुद्दा राजनीतिक रूप से बेहद महत्वपूर्ण साबित होगा और देश की महिलाएं इस निर्णय को ध्यान में रखते हुए अपना मत देंगी। उन्होंने कहा कि भाजपा हमेशा से महिलाओं को राजनीति में आगे बढ़ाने के लिए प्रतिबद्ध रही है और यह संघर्ष आगे भी जारी रहेगा।



