Wednesday, April 22, 2026

Creating liberating content

Shikha Rai DDC South...

Shikha Rai DDC South District: साकेत में पदभार ग्रहण, विकास कार्यों को तेज...

Sadar Bazar Redevelopment: सांसद...

Sadar Bazar Redevelopment: सांसद प्रवीण खंडेलवाल से व्यापार मंडल की बैठक, पुरानी दिल्ली...

Legal Conclave 2026: 6...

Legal Conclave 2026: 6 करोड़ लंबित मामलों के समाधान के लिए मध्यस्थता और...

NDMC Tree Plantation Drive:...

NDMC Tree Plantation Drive: “एक पेड़ माँ के नाम” अभियान में मातृ शक्ति...
HomeStateDelhi NCRDelhi Budget Scam:...

Delhi Budget Scam: “विकास नहीं, कर्ज में डूब रही है दिल्ली – रेखा गुप्ता सरकार का बजट एक जाल है” : देवेंद्र यादव का बड़ा हमला

Delhi Budget Scam: “विकास नहीं, कर्ज में डूब रही है दिल्ली – रेखा गुप्ता सरकार का बजट एक जाल है” : देवेंद्र यादव का बड़ा हमला

रिपोर्ट: हेमंत कुमार

दिल्ली प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष श्री देवेंद्र यादव ने केंद्र और दिल्ली की भाजपा सरकारों पर गंभीर आर्थिक कुप्रबंधन और आमजन पर कर्ज का बोझ लादने का आरोप लगाते हुए कहा कि जिस एक लाख करोड़ रुपये के बजट को भाजपा सरकार ऐतिहासिक बता रही है, उसकी असलियत अब जनता के सामने आ रही है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता की सरकार दिल्ली को विकसित नहीं, बल्कि धीरे-धीरे कर्ज में डूबोने का काम कर रही है।

देवेंद्र यादव ने कहा कि केंद्र सरकार द्वारा शुरू की गई एस.ए.एस.सी.आई. योजना (States’ Special Assistance for Capital Investment) के तहत दिल्ली सरकार ने अब पर्यटन परियोजनाओं के लिए 600 करोड़ रुपये का कर्ज लेने का प्रस्ताव केंद्र को भेजा है। उन्होंने पूछा कि जब राजधानी की मूलभूत ज़रूरतें – जैसे झुग्गी-बस्तियों में आवास, पीने का पानी, राशन, शिक्षा और स्वास्थ्य सेवाएं – अधूरी हैं, तब पर्यटन विकास के नाम पर इतनी बड़ी राशि का कर्ज क्यों लिया जा रहा है?

उन्होंने चेतावनी दी कि यह कर्ज अंततः दिल्ली की जनता से ही टैक्स के रूप में वसूला जाएगा। देवेंद्र यादव ने दावा किया कि बजट में दिखाए गए एक लाख करोड़ रुपये में से 15,000 करोड़ रुपये कर्ज और 9,950 करोड़ रुपये अतिरिक्त टैक्स के रूप में वसूले जाने की योजना है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता और वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण के बीच हुई बैठक इसका स्पष्ट संकेत है कि भाजपा की सरकार दिल्ली पर कर्ज का बोझ डालने की एक संगठित रणनीति पर काम कर रही है।

कांग्रेस अध्यक्ष ने भाजपा सांसदों पर भी निशाना साधते हुए कहा कि वे दिल्ली के लिए कोई विशेष आर्थिक सहायता नहीं ला सके, और आज उन्हीं के नेतृत्व में केंद्र सरकार दिल्ली को सहयोग की जगह कर्ज पर योजनाएं थमा रही है। उन्होंने इसे “विकास के नाम पर धोखा” करार दिया और कहा कि भाजपा केवल आंकड़ों की बाजीगरी कर रही है।

देवेंद्र यादव ने यह भी आरोप लगाया कि पूर्ववर्ती केजरीवाल सरकार के कार्यकाल के दौरान दिल्ली पहले ही भारी कर्ज के बोझ तले दब चुकी है – दिल्ली जल बोर्ड पर 75,000 करोड़ और डीटीसी पर 65,000 करोड़ रुपये का कर्ज है, और नई भाजपा सरकार ने अब 600 करोड़ रुपये का नया कर्ज जोड़कर इस बोझ को और बढ़ा दिया है।

उन्होंने पूछा कि दिल्ली सरकार ने अब तक एस.ए.एस.सी.आई योजना के तहत केंद्र को कौन-कौन से प्रस्ताव भेजे हैं, और उनमें से कितने वास्तव में आम जनता की बुनियादी ज़रूरतों से संबंधित हैं? उन्होंने इस पूरी जानकारी को सार्वजनिक करने की मांग की।

देवेंद्र यादव ने कहा कि जब 2020 से शुरू हुई योजना के तहत देश के 23 राज्यों की 40 से अधिक पर्यटन परियोजनाओं को मंजूरी मिल चुकी है, तब दिल्ली को अब तक कोई स्वीकृति क्यों नहीं मिली? क्या यह सरकार की अक्षमता नहीं है? उन्होंने कहा कि यह बेहद चिंताजनक है कि दिल्ली की प्राथमिक आवश्यकताओं की अनदेखी कर सरकार केवल “शोपीस” योजनाओं के पीछे भाग रही है।

Get notified whenever we post something new!

Continue reading

Shikha Rai DDC South District: साकेत में पदभार ग्रहण, विकास कार्यों को तेज करने का भरोसा

Shikha Rai DDC South District: साकेत में पदभार ग्रहण, विकास कार्यों को तेज करने का भरोसा रिपोर्ट हेमंत कुमार। दिल्ली में विकास कार्यों को नई गति देने के उद्देश्य से गठित जिला विकास समिति (DDC) के तहत साउथ डिस्ट्रिक्ट की नई...

Sadar Bazar Redevelopment: सांसद प्रवीण खंडेलवाल से व्यापार मंडल की बैठक, पुरानी दिल्ली के विकास पर बनी सहमति

Sadar Bazar Redevelopment: सांसद प्रवीण खंडेलवाल से व्यापार मंडल की बैठक, पुरानी दिल्ली के विकास पर बनी सहमति रिपोर्ट हेमंत कुमार। नई दिल्ली में सदर बाजार के व्यापारियों की समस्याओं और पुरानी दिल्ली के पुनर्विकास को लेकर एक अहम बैठक आयोजित...

Legal Conclave 2026: 6 करोड़ लंबित मामलों के समाधान के लिए मध्यस्थता और AI पर जोर

Legal Conclave 2026: 6 करोड़ लंबित मामलों के समाधान के लिए मध्यस्थता और AI पर जोर रिपोर्ट: हेमंत कुमार नई दिल्ली में आयोजित लीगल कॉन्क्लेव एंड अवॉर्ड्स 2026 में देश के प्रमुख कानूनी विशेषज्ञों ने न्याय प्रणाली में सुधार, लंबित मामलों...

Enjoy exclusive access to all of our content

Get an online subscription and you can unlock any article you come across.