Delhi: कुलजीत सिंह चहल ने बंगाली मार्केट में रात के सफाई अभियान का नेतृत्व, NDMC में शुरू हुआ मेगा सैनिटेशन ड्राइव
रिपोर्ट: हेमंत कुमार
नई दिल्ली नगरपालिका परिषद (NDMC) अपने “विकसित भारत @2047” और “विकसित NDMC @2047” मिशन के तहत राजधानी के स्वच्छता अभियान में नया इतिहास रच रही है। इसी क्रम में NDMC के उपाध्यक्ष कुलजीत सिंह चहल ने शनिवार रात बंगाली मार्केट में विशेष सफाई अभियान का नेतृत्व किया। रात 11 बजे से शुरू हुए इस अभियान में न केवल सूखी सफाई की गई, बल्कि हाई-प्रेशर जेट मशीनों की मदद से सड़कों, नालियों और फुटपाथों की गीली सफाई भी की गई। NDMC की 14 सदस्यीय टीम, सफाई सैनिकों और निरीक्षकों के साथ मिलकर रातभर चले इस अभियान को अंजाम दिया।
इस अवसर पर बंगाली मार्केट ट्रेडर्स एसोसिएशन के अध्यक्ष मुकेश गुप्ता और सचिव प्रमोद गुप्ता के साथ बड़ी संख्या में स्थानीय दुकानदार भी शामिल हुए। स्वास्थ्य विभाग और सिविल इंजीनियरिंग विभाग के वरिष्ठ अधिकारी भी इस स्वच्छता यज्ञ में कंधे से कंधा मिलाकर लगे रहे। चहल ने कहा कि बंगाली मार्केट केवल एक बाजार नहीं, बल्कि दिल्ली की सांस्कृतिक पहचान है, और इसकी सफाई से न केवल व्यापारियों का विश्वास बढ़ेगा, बल्कि ग्राहक भी स्वच्छ वातावरण में खरीदारी का सुखद अनुभव करेंगे।
NDMC इससे पहले खान मार्केट, जनपथ और सरोजिनी नगर में भी इसी प्रकार के रात्रिकालीन सफाई मॉडल को सफलता पूर्वक लागू कर चुकी है। अब परिषद का लक्ष्य है कि कनॉट प्लेस, पंडारा रोड, गोल मार्केट, मालचा मार्ग, खन्ना मार्केट, शंकर मार्केट और यूसुफ सराय समेत अन्य व्यस्त बाजारों में भी हर रात यह गीली सफाई नियमित रूप से की जाए। इसके लिए NDMC मैकेनिकल रोड स्वीपर और आधुनिक जेट स्प्रेयर मशीनें भी खरीद रही है, ताकि सफाई अभियान में किसी प्रकार की बाधा न आए।
सफाई अभियान को लेकर स्थानीय व्यापारियों ने NDMC की पहल का स्वागत किया और कहा कि बाजार की स्वच्छता में उल्लेखनीय सुधार हुआ है, जिससे ग्राहक संख्या में भी इजाफा देखने को मिल रहा है।
सिर्फ बाजारों में सफाई तक सीमित न रहते हुए NDMC अब अपने सभी आवासीय क्षेत्रों में भी यह अभियान शुरू करने जा रही है। परिषद की योजना है कि रेजिडेंट वेलफेयर एसोसिएशनों (RWAs) और स्थानीय निवासियों के सहयोग से हर कॉलोनी में भी यह सफाई अभियान जन आंदोलन बने।
इसी कड़ी में कुलजीत सिंह चहल ने एक और बड़ा ऐलान करते हुए बताया कि NDMC सोमवार, 5 मई से शुक्रवार, 9 मई तक एक विशेष “मेगा सैनिटेशन ड्राइव” शुरू कर रही है। इस अभियान में परिषद के सभी विभागों के अधिकारी और कर्मचारी, चाहे वे किसी भी स्तर के हों, रोज सुबह 8 बजे से 9 बजे तक अलग-अलग क्षेत्रों में श्रमदान करेंगे। NDMC क्षेत्र को इसके लिए 14 ज़ोनों में बांटा गया है, जहां सभी को निर्धारित स्थानों पर तैनात किया जाएगा।
चहल ने कहा कि जब NDMC के अधिकारी खुद मैदान में उतरेंगे, तो इससे जनता के बीच स्वच्छता को लेकर एक सकारात्मक संदेश जाएगा। उन्होंने कहा, “यह अभियान केवल सफाई नहीं, बल्कि प्रशासनिक जिम्मेदारी, जन-भागीदारी और व्यक्तिगत योगदान का मिलाजुला स्वरूप है। यह हमारी प्रशासनिक सोच को ‘स्वच्छ, सक्रिय और उत्तरदायी’ बनाने का प्रयास है।”
NDMC द्वारा शुरू किए गए ये दोनों अभियान — रात के समय गीली सफाई की स्थायी व्यवस्था और अधिकारियों-कर्मचारियों का श्रमदान — प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के स्वच्छ भारत अभियान को साकार करने में मील का पत्थर साबित होंगे। परिषद का लक्ष्य है कि आगामी स्वच्छता सर्वेक्षण में देश की नंबर 1 नगर परिषद के तौर पर उभरे। राजधानी दिल्ली को स्वच्छ, सुंदर, विकसित और नागरिकों के अनुकूल शहर बनाने की दिशा में NDMC का यह प्रयास आने वाले समय में देश के अन्य नगर निकायों के लिए भी प्रेरणा बनेगा।



